कुत्ते के काटने से बालक की मौत


 पूर्व की एनडीए. सरकार में नगरी निकाय में आवारा कुत्तों को जहर देनें के नियम को बदलना अब आम लोगों के लिए मुसीबत का सबब बन चुका है। जहां शहर में कुत्तों के आतंक से शहर वासियों का राह में चलना मुश्किल हो रहा है।  वहीं बलरामपुर जिले में कुत्ते के काटने से एक बच्चे की मौत होने का मामला सामने आया है।

परिवार के दो और बच्चे संक्रमण के कारण अस्पताल में भर्ती

बलरामपुर।
क्या है पूरा मामला-
जानकारी के अनुसार कोगवार निवासी नंदलाल पंडो पिता रामदयाल पण्डो उम्र 13 वर्ष को 2 माह पूर्व गांव के ही आवारा कुत्ते ने काट लिया था। जिसके बाद से परिजन उसका उपचार झाडफूंक के माध्यम से कराए थे, उसकी हालत में सुधार भी हुआ था। लेकिन दीपावली की सुबह अचानक नंदलाल के मुंह से झाग निकलने व अलग हरकत करने पर परिजनों ने उसे वाड्रफनगर अस्पताल में भर्ती कराया था। वहां से डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए अम्बिकापुर मेडिकल कालेज अस्पताल भेजा था।  मंगलवार की सुबह उसकी मौत हो गई। नंदलाल के साथ-साथ उसकी बहन हिरमनिया उम्र 14 वर्ष व भाई जिंदलाल उम्र 7 को भी मेडिकल कालेज अस्पताल मे दाखिल कराया गया है। फिलहाल बुखार व उल्टियां हो रही हैं। लेकिन दोनों की बिगड़ती तबियत को देखकर डॉक्टर इस बात की जांच कर रहे हैं कि दोनों बच्चों को कुत्ते के काटने से संक्रमण हुआ है या फिर ये दोनों किसी अन्य बिमारी से ग्रसित हैं।-

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